वन अधिकार अधिनियम के तहत दावों की समीक्षा, समय-सीमा में प्रकरण प्रस्तुत करने के निर्देश
छिंदवाड़ा। कलेक्टर श्री हरेंद्र नारायन की अध्यक्षता में कलेक्टर कार्यालय के मिनी सभाकक्ष में जिला स्तरीय वन अधिकार समिति की बैठक आयोजित की गई। बैठक में वनमंडलाधिकारी पूर्व एवं पश्चिम छिंदवाड़ा, सहायक आयुक्त जनजातीय कार्य विभाग, वन मंडल पूर्व एवं पश्चिम के अनुविभागीय अधिकारी (वन) तथा जिला स्तरीय वन अधिकार समिति के अशासकीय सदस्य उपस्थित रहे।
बैठक में वनग्रामों को राजस्व ग्राम में संपरिवर्तित किए जाने के दौरान वन अधिकार पत्रों की मान्यता लागू करने तथा वन अधिकार अधिनियम, 2006 के अंतर्गत सामुदायिक वन अधिकार एवं वन संसाधनों के संरक्षण और प्रबंधन से संबंधित दावों की समीक्षा की गई।
कलेक्टर श्री नारायन ने सभी मुख्य कार्यपालन अधिकारी, जनपद पंचायतों को निर्देश दिए कि वनग्राम से राजस्व ग्राम में संपरिवर्तन से संबंधित वन अधिकार पत्रों की मान्यता के दावों को ग्राम स्तरीय समिति से अनुमोदित कराकर निर्धारित समय-सीमा में खंड स्तरीय समिति एवं जिला स्तरीय समिति के समक्ष प्रस्तुत किया जाए।
उन्होंने सामुदायिक वन अधिकार एवं वन संसाधनों के संरक्षण तथा प्रबंधन से संबंधित 10 हेक्टेयर या उससे अधिक क्षेत्रफल के दावों को भी जिला स्तरीय समिति के समक्ष प्रस्तुत करने के निर्देश दिए।
कलेक्टर ने अनुविभागीय अधिकारी वन विभाग को निर्देशित किया कि सभी मुख्य कार्यपालन अधिकारी जनपद पंचायत एवं जनजातीय कार्य विभाग से समन्वय स्थापित करते हुए निर्धारित समय-सीमा में पात्र दावों को जिला स्तरीय समिति के समक्ष प्रस्तुत कराना सुनिश्चित करें।
बैठक में वन अधिकार अधिनियम के प्रभावी क्रियान्वयन तथा पात्र हितग्राहियों के दावों के समयबद्ध निराकरण पर विशेष जोर दिया गया।
