भगवान श्रीकृष्ण की बांसुरी की तरह है माउथ ऑर्गन : मुख्यमंत्री डॉ. यादव
भोपाल की सांस्कृतिक धरा पर 16 राज्यों के 180 कलाकारों का जुटान, भारतीय हार्मोनिका महोत्सव-2026 का 13वां संस्करण शुरू
भोपाल,छिंदवाड़ा। मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कहा कि माउथ ऑर्गन भगवान श्रीकृष्ण की बांसुरी के समान है। दोनों में सातों स्वर समाहित हैं। ईश्वर ने हमारे रोम-रोम में स्वरों का स्पंदन दिया है। उन्होंने कहा कि हमारी संस्कृति में भगवान श्रीराम और भगवान श्रीकृष्ण के काल से ही 64 कलाओं और 14 विद्याओं का विशेष स्थान रहा है। हमारे देवी-देवताओं के हाथों में वाद्य यंत्रों के साथ शस्त्र और शास्त्र का समन्वय दिखाई देता है, जो सनातन संस्कृति की विशेषता है।
मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने यह विचार भोपाल के कुशाभाऊ ठाकरे सभागार में आयोजित 13वें भारतीय हार्मोनिका महोत्सव-2026 के अंतर्गत इंडियन माउथ ऑर्गन प्लेयर्स मीट-2026 के शुभारंभ अवसर पर व्यक्त किए। उन्होंने दीप प्रज्ज्वलित कर अखिल भारतीय हार्मोनिका महोत्सव का शुभारंभ किया। कार्यक्रम में पिछड़ा वर्ग एवं अल्पसंख्यक कल्याण राज्य मंत्री (स्वतंत्र प्रभार) कृष्णा गौर विशेष रूप से उपस्थित रहीं।
16 राज्यों के 180 कलाकार हुए शामिल
मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि महात्मा गांधी और पूर्व प्रधानमंत्री लालबहादुर शास्त्री की जयंती के अवसर पर आयोजित इस महोत्सव में देश के 16 राज्यों से लगभग 180 कलाकार भोपाल पहुंचे हैं। इसमें 7 से 87 वर्ष तक की आयु के कलाकार माउथ ऑर्गन पर अपनी प्रस्तुतियां दे रहे हैं। उन्होंने कहा कि यह आयोजन केवल कलाकारों का मिलन नहीं, बल्कि विभिन्न राज्यों की भाषाई और सांस्कृतिक पृष्ठभूमि से आने वाले हार्मोनिका साधकों का महाकुंभ है।
उन्होंने कहा कि मध्यप्रदेश की धरती संगीत परंपरा के क्षेत्र में समृद्ध रही है। संगीत सम्राट तानसेन, बैजू बावरा और कुमार गंधर्व जैसी विभूतियों ने प्रदेश की सांगीतिक पहचान को समृद्ध किया है। खंडवा की धरती से निकलकर किशोर कुमार ने देश-दुनिया में अपनी अलग पहचान बनाई।
कला-संस्कृति को प्रोत्साहन दे रही सरकार
मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के ‘विरासत से विकास’ के संकल्प के अनुरूप मध्यप्रदेश सरकार कला और संस्कृति के क्षेत्र को प्रोत्साहित कर रही है। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री ‘मन की बात’ कार्यक्रम में देश के प्राचीन वाद्य यंत्रों के कलाकारों का उल्लेख करते हैं तथा भारत सरकार वाद्य यंत्रों के साधकों को पद्म पुरस्कारों से सम्मानित कर रही है।
उन्होंने भारतीय गीत-संगीत की परंपरा में बंगाल के कलाकारों के योगदान का उल्लेख करते हुए आरडी बर्मन, सचिन देव बर्मन सहित अन्य कलाकारों की संगीत साधना को याद किया।
87 वर्षीय वी.एम. त्रिवेदी ने दी प्रस्तुति
कार्यक्रम में 17 वर्षीय सिद्धि सोनी ने महात्मा गांधी के प्रिय भजन ‘वैष्णव जन...’ से प्रस्तुति की शुरुआत की और ‘रघुपति राघव राजा राम’ सहित अनेक भजनों की धुनें प्रस्तुत कीं। मुख्यमंत्री डॉ. यादव के आग्रह पर 87 वर्षीय वी.एम. त्रिवेदी तथा भारतीय हार्मोनिका ग्रुप के संस्थापक अनुपम पॉल ने भी माउथ ऑर्गन पर सुमधुर धुनों की प्रस्तुति दी।
कर्नाटक के बेंगलुरु से आए सांई तेजस ने शम्मी कपूर के फिल्मी गीतों पर हार्मोनिका की प्रस्तुति दी। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कलाकारों की प्रस्तुतियों की सराहना की।
इस अवसर पर अपर मुख्य सचिव, मुख्यमंत्री कार्यालय नीरज मंडलोई, वरिष्ठ प्रशासनिक अधिकारी श्रीमन शुक्ला, कल्पना श्रीवास्तव तथा प्रदेश महामंत्री गौरव रणदिवे सहित अन्य अधिकारी एवं गणमान्य नागरिक उपस्थित रहे।