मुख्यमंत्री जनविश्वास अभियान के तहत सुसरई पहुंचे कलेक्टर
कलेक्टर सहित जिला अधिकारियों ने किया शासकीय संस्थाओं का निरीक्षण, शिविर में ग्रामीणों की समस्याएं सुनीं
छिंदवाड़ा। मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव द्वारा शासकीय सेवाओं को अधिक प्रभावी, पारदर्शी और जनोन्मुखी बनाने के उद्देश्य से संचालित मुख्यमंत्री जनविश्वास अभियान 2026 के तहत पांचवें शुक्रवार को जिले के जिला, अनुविभागीय एवं खंड स्तरीय अधिकारी फील्ड में पहुंचे। अधिकारियों ने विभिन्न शासकीय संस्थाओं का निरीक्षण कर व्यवस्थाओं और योजनाओं के क्रियान्वयन की जमीनी स्थिति देखी तथा ग्रामीणों की समस्याएं सुनीं।
इसी क्रम में कलेक्टर हरेंद्र नारायन पुलिस अधीक्षक अजय पाण्डेय, जिला पंचायत सीईओ अग्रिम कुमार सहित विभिन्न विभागों के अधिकारियों के साथ छिंदवाड़ा विकासखंड के सुसरई एवं आसपास के ग्रामों में पहुंचे। उन्होंने आंगनबाड़ी केंद्र, उचित मूल्य दुकान, सहकारी समिति और प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र सहित विभिन्न संस्थाओं का औचक निरीक्षण किया।
आंगनबाड़ी केंद्र अतरवाड़ा का निरीक्षण
कलेक्टर ने आंगनबाड़ी केंद्र अतरवाड़ा में पोषण आहार और केंद्र संचालन की व्यवस्थाओं का जायजा लिया। उन्होंने बच्चों से संवाद कर अक्षर, भाषा और अंक ज्ञान से जुड़े सवाल पूछे। बच्चों के उत्साहपूर्वक जवाब देने पर कलेक्टर ने प्रसन्नता जताते हुए आंगनबाड़ी कार्यकर्ता एवं सहायिका के प्रयासों की सराहना की।
उन्होंने हाई रिस्क गर्भवती महिलाओं की सूची की जानकारी लेते हुए बेहतर मॉनिटरिंग के लिए एक्सपेक्टेड डेट ऑफ डिलीवरी और एएनसी जांच सहित आवश्यक जानकारी दर्ज करने के निर्देश दिए। साथ ही पोषण माह की तैयारियों का भी जायजा लिया।
उचित मूल्य दुकान और सहकारी समिति का निरीक्षण
भानादेई स्थित शासकीय उचित मूल्य दुकान के निरीक्षण के दौरान कलेक्टर ने खाद्यान्न स्टॉक, वितरण व्यवस्था और हितग्राहियों को मिल रही सुविधाओं की जानकारी ली। परिसर में संचालित सहकारी समिति के गोदाम का निरीक्षण कर खाद की उपलब्धता देखी।
उन्होंने किसानों को पात्रता के अनुसार समय पर खाद उपलब्ध कराने तथा किसानों को मिट्टी परीक्षण के लिए प्रेरित करने के निर्देश दिए, ताकि मिट्टी की आवश्यकता के अनुरूप उर्वरकों का उपयोग किया जा सके।
स्वास्थ्य केंद्र में व्यवस्थाओं का लिया जायजा
कलेक्टर ने प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र पिंडरईकला का निरीक्षण कर दवाओं की उपलब्धता, साफ-सफाई, ओपीडी, स्टोर रूम, टीकाकरण कक्ष, दवा वितरण कक्ष और एंटी स्नेक वेनम की उपलब्धता की जानकारी ली।
उन्होंने मेडिकल ऑफिसर डॉ. सुदीश नागवंशी को मुख्यालय में निवास करने और रात में आने वाले मरीजों के लिए ऑन कॉल उपलब्ध रहने के निर्देश दिए। हाई रिस्क प्रेग्नेंसी के मामलों को रेफर करते समय जोखिम का स्पष्ट कारण दर्ज करने तथा संबंधित अस्पताल से समन्वय कर मरीज को भेजने के निर्देश भी दिए।
कलेक्टर ने प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र एवं ब्लॉक पब्लिक हेल्थ यूनिट के नव निर्मित भवन का भी निरीक्षण किया। फिनिशिंग वर्क में कमियां मिलने पर नाराजगी जताते हुए भवन हैंडओवर से पहले सभी कमियां दूर करने के निर्देश दिए।
सुसरई शिविर में ग्रामीणों की समस्याएं सुनीं
निरीक्षण के बाद कलेक्टर अधिकारियों के साथ ग्राम पंचायत सुसरई में आयोजित खंड स्तरीय शिविर में पहुंचे। यहां उन्होंने ग्रामीणों की समस्याएं सुनीं और सीएम हेल्पलाइन शिकायतों की समीक्षा की।
पशु चिकित्सक के समय पर अस्पताल नहीं आने की शिकायत पर संबंधित डॉक्टर के विरुद्ध अनुशासनात्मक कार्रवाई के निर्देश दिए गए। छात्रवृत्ति से संबंधित शिकायत पर शासकीय पीजी कॉलेज छिंदवाड़ा के प्राचार्य को कारण बताओ नोटिस जारी करने और समस्या का समाधान करने के निर्देश दिए।
ग्राम भैंसादंड के रास्ता विवाद के मामले में संबंधित पटवारी को कारण बताओ नोटिस जारी करने के निर्देश दिए गए। वहीं ग्राम उभेगांव में नल कनेक्शन का कार्य रुकने की शिकायत पर संबंधित इंजीनियर को कारण बताओ नोटिस जारी करते हुए कार्य पुनः शुरू कराने के निर्देश दिए गए।
कलेक्टर ने अधिकारियों को ग्रामीणों की समस्याओं का प्राथमिकता से निराकरण करने के निर्देश दिए। शिविर में कई शिकायतों का मौके पर ही निराकरण किया गया। इस दौरान विभिन्न विभागों के अधिकारी, जनप्रतिनिधि, स्थानीय कर्मचारी और लगभग 400 ग्रामीण उपस्थित रहे।
