भाडरी में पाइपलाइन विस्तार और पुलिया जांच की मांग, ग्रामीणों ने प्रशासन से लगाई गुहार
जमकुंडा, छिंदवाड़ा: ग्राम पंचायत जमकुंडा, विकासखंड जुन्नारदेव, जिला छिंदवाड़ा के ग्रामीणों ने मुख्यमंत्री को ज्ञापन सौंपकर गांव में पाइपलाइन विस्तार की मांग की है। साथ ही, पाइपलाइन निर्माण में हुई अनियमितताओं की निष्पक्ष जांच की अपील की है।
ग्राम पंचायत जमकुंडा, में भ्रष्टाचार के गंभीर आरोप
ग्रामीणों का आरोप है कि पंचायत द्वारा विकास कार्यों में भारी भ्रष्टाचार और अनियमितताएं की जा रही हैं। सरकार की महत्वपूर्ण योजनाओं को सही ढंग से लागू नहीं किया जा रहा, जिससे जनता को मूलभूत सुविधाओं से वंचित रहना पड़ रहा है। ग्रामीणों के अनुसार, प्रधानमंत्री "हर घर नल जल योजना" के तहत पाइपलाइन बिछाने का कार्य अधूरा छोड़ दिया गया है। इस कारण गांव में पीने के पानी की गंभीर समस्या बनी हुई है, खासकर गर्मी के मौसम में हालात बद से बदतर हो जाते हैं।
लाखों का बजट, लेकिन अधूरा काम
इसके अलावा ज्ञापन में उल्लेख किया गया है कि ₹9.50 लाख की लागत से पुलिया रिपटा का निर्माण कार्य कराया जा रहा है जिसमें घटिया मिट्टी युक्त रेत व सीमेंट का उपयोग किया जा रहा है, निर्माण कार्य में लापरवाही बरती जा रही और घटिया सामग्री का उपयोग किया जा रहा है। इस तरह यह पुलिया चंद महीना में ही खराब हो जाएगी। सूत्रों से मिली जानकारी अनुसार पंचायत ने इस कार्य को ठेका पर मोटी कमीशन मे दिया है, यहां पर आमजन मूलभूत सुविधाओं के लिए तरस रहे हैं, और ग्राम पंचायत सचिव सरपंच जमकर गोलमाल कर भ्रष्टाचार किया जा रहा है ग्रामीण ने आरोप लगया है।
ग्रामीणों ने इस पूरे मामले मे निष्पक्ष जांच की मांग की है। उनका कहना है कि जब भी वे अपनी समस्याओं को लेकर शिकायत दर्ज कराने जाते हैं, तो प्रशासन द्वारा उनकी आवाज़ को दबाने की कोशिश की जाती है। इससे ग्रामीणों में आक्रोश बढ़ रहा है और वे आंदोलन करने के लिए मजबूर हो सकते हैं।
जल्द कार्रवाई नहीं हुई तो करेंगे आंदोलन
ग्रामीणों ने चेतावनी दी है कि यदि प्रशासन ने जल्द कोई ठोस कदम नहीं उठाया तो वे आंदोलन करने को मजबूर होंगे। उन्होंने मांग की है कि पंचायत और संबंधित कर्मचारीयो की निष्पक्ष जांच कर दोषियों पर कड़ी कार्रवाई की जाए ताकि गांव के लोगों को सही तरीके से जल आपूर्ति मिल सके।
शिकायतकर्ता और हस्ताक्षरकर्ता
इस ज्ञापन पर कई ग्रामीणों के हस्ताक्षर और अंगूठे के निशान मौजूद हैं, जिनमें प्रमुख रूप से पंच चरणलाल कवरेती, ममता उइके, बेशाकू पंद्राम, शनीलाल कवरेती, रिपीन कवरेती, शतोष कवरेती, सकरलाल कवरेती, सरवन कवरेती, चमन कवरेती, मुनलाल यदुवंशी, कलीराम यदुवंशी, रतन यदुवंशी, मनोज , राहुल कवरेती, चुन्नूलाल यादव, अरविंद यादव, लक्ष्मणलाल यादव, शांति पंद्राम, रमेश यादव सहित कई अन्य ग्रामीण शामिल हैं।
अब देखना होगा कि प्रशासन इस मामले में क्या कदम उठाता है। ग्रामीणों को उम्मीद है कि जल्द से जल्द उनकी समस्याओं का समाधान किया जाएगा।

