सच की आंखे, छिंदवाड़ा।
ग्राम पंचायत मोठार मोहन सुधा गौशाला में सरपंच लक्ष्मी भलावी पर गंभीर आरोप लग रहे हैं। ग्रामीणों का कहना है कि सरपंच लक्ष्मी के तीन साल के कार्यकाल में पंचायत में कोई भी जनहित का काम नहीं हुआ।ग्रामीणों ने बताया कि पंचायत में नल-जल योजना, स्ट्रीट लाइट से लेकर अन्य बुनियादी सुविधाओं के लिए लोग परेशान हैं। वहीं कई मामलों में फर्जीवाड़े के आरोप भी सामने आए हैं। ग्रामीणों का कहना है कि एक नाबालिग लड़की के खाते में मनरेगा की हाजरी डाली गई।ग्रामीणों का यह भी कहना है कि जन्म-मृत्यु प्रमाण पत्र जैसे दस्तावेज भी सरपंच के इशारे के बिना नहीं बनते। आरोप है कि पूर्व सरपंच प्रदीप राय द्वारा स्वीकृत कार्यों को पूरा कराकर लक्ष्मी भलावी वाहवाही लूट रही हैं।
पंचायत कार्यों में सरपंच के पति, जिन्हें ग्रामीण "मास्टरजी" कहते हैं, भी दखल देने लगे हैं। ग्रामीणों का कहना है कि वे स्कूल से अवकाश लेकर पंचायत बैठकों में शामिल होते हैं। सूत्रों की मानें तो मास्टरजी शराब और मांस के शौकीन भी हैं, जिसके चलते कई बार खेतों में पार्टी करते हुए देखे गए हैं।ग्रामीणों में सरपंच और उनके पति के तौर-तरीकों को लेकर आक्रोश है। उनका कहना है कि पंचायत में पारदर्शिता और जनहित कार्य पूरी तरह ठप पड़े हुए हैं।

