छिन्दवाड़ा/ 08 अगस्त 2024/ आपदा प्रबंध संस्थान भोपाल गृह विभाग म.प्र. शासन के निर्देशन में कलेक्टर श्री शीलेन्द्र सिंह की उपस्थिति में जिला प्रशासन छिन्दवाड़ा एवं यूनिसेफ मध्यप्रदेश के समन्वय से आज दो दिवसीय आपदा प्रबंधन विषय पर प्रशिक्षण कलेक्टर कार्यालय के सभाकक्ष में स्वयंसेवी संस्थाओं के प्रतिनिधियों के लिये आपदा जोखिम न्यूनीकरण पर आधारित दो दिवसीय कार्यशाला का शुभारंभ किया गया।
कार्यक्रम की शुरुआत करते हुए कलेक्टर श्री सिंह ने अपने उद्बोधन में कहा कि स्वयंसेवी संस्थाएं समाज के अनेक मुद्दों पर कार्य करती हैं। आपदा प्रबंधन के क्षेत्र में कार्य करना हर भारतीय नागरिक का ध्येय एवं जिम्मेदारी होनी चाहिए। स्वयंसेवी संस्थाओं का समुदाय के साथ सीधा संपर्क रहता है और ये संस्थाएं किसी भी आपदा के दौरान प्रभावी मदद पहुंचा सकती हैं। इसलिए इस 2 दिवसीय ट्रेनिंग को गंभीरता से लेने का आग्रह किया। आपदा प्रबंध संस्थान भोपाल के संयुक्त संचालक डॉ. जॉर्ज व्ही. जोसेफ ने अपने उद्बोधन में आपदा एवं उसके प्रकार, आपदा प्रबंधन अधिनियम-2005, आपदा प्रबंधन नीति-2009 और आपदा के बाद प्रभावितों पर पड़ने वाले मनोसामाजिक प्रभाव आदि के बारे में प्रस्तुतिकरण एवं समूह कार्य के माध्यम से महत्वपूर्ण जानकारी दी। कार्यक्रम में आपदा प्रबंध संस्थान भोपाल के तकनीकी विशेषज्ञ श्री अभिषेक मिश्रा, कार्यपालन यंत्री लोक निर्माण विभाग श्री आशिफ मंडल, जिला होम गार्ड कमांडेंट श्री एस.आर. आजमी और प्लाटून कमांडर एस.डी.ई.आर.एफ. श्री गणेश कुमार धुर्वे सहित लगभग 75 स्वयंसेवी संस्थाओं के प्रतिभागियों ने सहभागिता की। इस प्रशिक्षण के अगले दिवस 09 अगस्त 2024 को एस.डी.ई.आर.एफ. की टीम द्वारा खोज एवं बचाव तकनीक एवं उपकरणों का प्रदर्शन किया जाएगा। साथ ही भूकंप आपदा प्रबंधन, समुदाय आधारित आपदा प्रबंधन, आगजनी प्रबंधन, सर्प दंश प्रबंधन एवं आकाशीय बिजली प्रबंधन के बारे में जानकारी प्रदान की जायेगी।
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