बालक की सुरक्षा और बेहतर सुविधा के दृष्टिगत मैंने यह निर्णय लिया है कि बालक के छिंदवाड़ा पहुंचने पर उसे घर भेजने की बजाय जिला प्रशासन के एक अधिकारी और एक वरिष्ठ डॉक्टर की विशेष देख - रेख में उसे जिला अस्पताल के प्राइवेट वार्ड में रखा जाएगा। पूरी तरह संतुष्ट होने के बाद ही उसे घर भेजा जाएगा। मेडिकल कॉलेज नागपुर के चिकित्सकों की सलाह के अनुसार घाव पूरी तरह से ठीक होने के बाद बालक को प्लास्टिक सर्जरी के लिए पुनः मेडिकल कॉलेज नागपुर भेजा जाएगा
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